गौरतलब है  कि लोकसभा चुनाव से ऐन पहले दानिश अली ने जेडीएस से नाता तोड़कर बसपा का दामन थामा था। इसके बाद मायावती ने दानिश अली को उत्तर प्रदेश के अमरोहा संसदीय सीट से प्रत्याशी बनाया, जहां से वो जीतकर सांसद चुने गए थे।  

जम्मू कश्मीर में अनुच्छेद 370 पर भाजपा का समर्थन करने के बाद बहुजन समाज पार्टी ने सूबे के संगठन में भारी फेर बदल कर दिया है।


संसदीय दल के नेता दानिश अली को हटाकर अब श्याम सिंह यादव को को बनाया है। दानिश अली को संसद में महत्वपूर्ण पद से हटाने में उनके समर्थकों में भी खलबली मच गयी है।

 तीन तलाक के मुद्दे पर दानिश अली ने लोकसभा में पार्टी लाइन से अलग राय रखी थी और वह पार्टी की ओर से तीन तलाक बिल के खिलाफ वोटिंग चाहते थे। 

जबकि मायावती वॉकआउट चाहती थी और इसी मतभेद के चलते दानिश अली से मायावती नाराज हो गईं हैं।  

इन मुद्दों को लेकर ही दानिश अली पर गाज गिरी है। मायावती ने दानिश को संसदीय दल के नेता पद से हटाकर जौनपुर से सांसद श्याम सिंह यादव को कमान दे दी है। 


उत्तर प्रदेश बीएसपी संगठन का प्रदेश अध्यक्ष पूर्व सांसद मुनकाद अली को नियुक्त किया गया है। 

कुंवर दानिश अली-तीन तलाक और धारा-370 पर कड़े रुख के चलते मायावती ने छीना पद

इसी के चलते धारा 370 के मुद्दे पर मायावती ने दानिश अली को लोकसभा में बात नहीं रखने की हिदायत दी थी।


जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाने के मुद्दे पर लोकसभा में दानिश अली की जगह सांसद गिरीश चंद्र ने बात रखी और उन्होंने अपने विचार रखने के बजाय मायावती के विचारों को संसद में पढ़ते हुए समर्थन का एलान किया।